विधानसभा में राज्यसभा चुनाव के लिए जारी मतदान के बीच केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी की समधन ज्योति मांझी और बहू दीपा मांझी तेजस्वी यादव के कमरे से बातचीत करके निकलती हुई देखी गईं। उनके पीछे AIMIM के प्रमुख अख्तरूल ईमान और राजद के राज्यसभा उम्मीदवार एडी सिंह भी कमरे से बाहर निकले। ज्योति मांझी और दीपा मांझी की तेजस्वी के बातचीत की खबर से सियासी गलियारे में हड़कंप मच गया। चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया।
बताया जा रहा है कि मतदान शुरू होने से पहले ही ज्योति और दीपा मांझी विधानसभा पहुंच गईं थीं। इस दौरान कुछ देर के लिए दोनों तेजस्वी यादव से मुलाकात करने उनके कमरे में पहुंचीं। कुछ मिनट की बातचीत के बाद कमरे से बाहर निकल गईं। इस मुलाकात के बाद चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है। सियासी गलियारे में इस बात की चर्चा है कि केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी नाराज हैं। वहीं कुछ लोग यह भी कह रहे हैं कि यह केवल शिष्टचार मुलाकात है।
हम पार्टी ने क्या कहा जानिए?
हालांकि, हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा की ओर से इस मामले में प्रतिक्रिया आई है। हम पार्टी ने कहा कि ज्योति और दीपा मांझी गलती से कमरे में चली गई थीं। हिन्दुस्तानी आवास मोर्चा एनडीए के साथ है। इधर-उधर का सवाल ही नहीं है। अफवाहों पर ध्यान नहीं दें। हमलोगों एनडीए उम्मीदवार को समर्थन दे रहे हैं। उन्हें ही वोट कर हैं। हम पार्टी ने दावा किया कि हमारे पांचों ने विधायकों ने एनडीए उम्मीदवारों को वोट दिया है।
कुछ दिन पहले मांझी ने जो कहा, उसकी चर्चा आज भी
राज्यसभा सीट के सवाल पर केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा था कि उनकी पार्टी नाराज नहीं है। हालांकि विधानसभा चुनाव के वक्त यह आश्वासन दिया गया था कि उनकी पार्टी को दो लोकसभा और एक राज्यसभा सीट दी जाएगी। लोकसभा चुनाव में उनकी पार्टी को एक सीट मिली, जिस पर जीत हासिल हुई और वह केंद्रीय मंत्री बने। उन्होंने कहा कि सीट मिले या नहीं मिले, यह अलग बात है, लेकिन जो वादा किया गया था उसे “पत्थर की लकीर” बताया गया था, इसलिए हमलोग इस मुद्दे को उठाते रहेंगे।